लखनऊ: मेडिकल कॉलेज में प्रवेश के नाम पर परिवार से 37 लाख रुपये की ठगी
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घटना का विवरण
लखनऊ के ग्रीनवुड अपार्टमेंट में रहने वाले एक परिवार के साथ मेडिकल कॉलेज में सीट दिलाने के नाम पर 36.89 लाख रुपये की कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पुलिस के अनुसार, आरोपितों ने बेंगलुरु के एक कॉलेज का फर्जी आवंटन पत्र (अलॉटमेंट लेटर) और फीस रसीद दी थी। पुलिस ने इस मामले में लगभग 24 लाख रुपये होल्ड कराए हैं।
कैसे दिया गया ठगी को अंजाम
शिकायतकर्ता सुमन कटियार के अनुसार, उनकी बेटी नीट (NEET) के माध्यम से मेडिकल कॉलेज में प्रवेश लेना चाहती थी।
- विज्ञापन और संपर्क: एक अक्टूबर को इंस्टाग्राम पर 'डॉक्टर एडमिशन डेस्क' नाम से एक विज्ञापन मिला। संपर्क करने पर आरोपितों ने डोनेशन और इंस्टीट्यूट लेवल कोटे के जरिए सरकारी कॉलेज में प्रवेश दिलाने का दावा किया।
- रुपयों की मांग: पहले 30 लाख रुपये मांगे गए और बाद में डोनेशन के नाम पर 45 लाख रुपये की बात कही गई। छह लाख रुपये टोकन मनी और बाकी रकम दाखिले के समय देने को कहा गया।
भरोसा जीतने के लिए आरोपितों ने ईमेल और व्हाट्सएप के जरिए काउंसलिंग से जुड़े दस्तावेज मंगवाए।
भुगतान और फर्जीवाड़े का खुलासा
दो अक्टूबर को परिवार ने बताए गए बैंक खाते में तीन लाख रुपये अग्रिम जमा किए। इसके बाद ऑनलाइन माध्यम से कई बार में 26.89 लाख रुपये ट्रांसफर किए गए। हवाला के जरिए रुपये लेने के लिए एक व्यक्ति को घर भी भेजा गया, जिसने 10 लाख रुपये नकद लिए। इसके एवज में परिवार को फर्जी फीस रसीद और आवंटन पत्र दिया गया।
10 अक्टूबर को जब सुमन अपनी बेटी के दाखिले की प्रक्रिया पूरी कराने बेंगलुरु के संबंधित मेडिकल कॉलेज पहुंचीं, तो कॉलेज प्रशासन ने दाखिले की जानकारी से साफ इनकार कर दिया और दस्तावेज फर्जी पाए गए।
पुलिस कार्रवाई और सुरक्षा के उपाय
परिवार ने इसकी शिकायत साइबर क्राइम पोर्टल पर दर्ज कराई। बुधवार को गोमती नगर विस्तार थाने में विजय कुमार, अभिषेक कुमार, तरुण कुमार, राघवेंद्र चौधरी और अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।
ऐसे करें बचाव और सत्यापन
- आधिकारिक स्रोतों से जांच करें: किसी भी कॉलेज में प्रवेश के लिए केवल आधिकारिक काउंसलिंग वेबसाइट और विश्वविद्यालय के माध्यम से ही संपर्क करें।
- सोशल मीडिया विज्ञापनों से सतर्क रहें: सोशल मीडिया पर मिलने वाले ऐसे विज्ञापनों से बचें जो डोनेशन के जरिए सीधे प्रवेश का दावा करते हैं।
- साइबर फ्रॉड की शिकायत: यदि आपके साथ वित्तीय धोखाधड़ी होती है, तो तुरंत साइबर क्राइम पोर्टल या हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें।
AI की सहायता से तैयार रिपोर्ट; मूल स्रोत के दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की गई है।
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