अमेरिका में कार्बन स्टोरेज परियोजनाओं को लेकर बढ़ रहा है विरोध, तेल कंपनियों को मिल रही भारी सब्सिडी
· GlobeWire Daily Climate Desk · Source: www.theguardian.com

चित्र: www.theguardian.com — Creative Commons
अमरीका के छोटे शहरों में कार्बन कैप्चर परियोजनाओं पर बढ़ती चिंता
संयुक्त राज्य अमेरिका में कार्बन सीक्वेस्टर्न (कार्बन प्रच्छादन) परियोजनाओं की एक बड़ी लहर देश भर में शुरू हो गई है, जिसे लेकर स्थानीय समुदायों में चिंताएं बढ़ रही हैं। इंडियाना राज्य के क्लिमर्स जैसे छोटे शहरों में निवासी इन परियोजनाओं का विरोध कर रहे हैं। आलोचकों और स्थानीय निवासियों का कहना है कि भारी सरकारी सब्सिडी के लालच में तेल और ऊर्जा कंपनियां इन परियोजनाओं को आगे बढ़ा रही हैं, जिससे पर्यावरण और सार्वजनिक स्वास्थ्य को लेकर गंभीर खतरे पैदा हो सकते हैं।
परियोजना का विवरण और सरकारी सब्सिडी
क्लिमर्स जैसे इलाकों में एथेनॉल संयंत्रों द्वारा यह योजना बनाई जा रही है कि औद्योगिक प्रक्रियाओं से निकलने वाले कार्बन डाइऑक्साइड को कैप्चर करके जमीन के हजारों फीट नीचे भूगर्भीय संरचनाओं में हमेशा के लिए सुरक्षित दबा दिया जाए। अमेरिकी सरकार द्वारा दी जाने वाली कर क्रेडिट (Tax Credit) योजनाएं इतनी आकर्षक हैं कि कंपनियां इन परियोजनाओं के जरिए भारी मुनाफा कमाने की होड़ में लगी हुई हैं। ऊर्जा बाजार अनुसंधान फर्म एनवेरस के विश्लेषक ब्रैड जॉनस्टन के अनुसार, इन परियोजनाओं से मिलने वाला कर क्रेडिट कई बार एथेनॉल की वास्तविक बिक्री से होने वाली आय के बराबर हो सकता है, जिससे संयंत्र की कमाई दोगुनी तक हो सकती है।
स्थानीय निवासियों और पर्यावरणविदों की चिंताएं
क्लिमर्स की निवासी मेलिसा हैरिसन और स्थानीय किसानों का कहना है कि उनका इलाका पहले से ही औद्योगिक प्रदूषण, दूषित कुएं के पानी और गरीबी जैसी समस्याओं से जूझ रहा है। स्थानीय लोगों को अपनी संपत्तियों के नीचे कार्बन सिंक स्थापित करने के लिए प्रति वर्ष मामूली राशि (जैसे 150 डॉलर) की पेशकश की गई है, जिसे कई लोगों ने अस्वीकार कर दिया है।
पर्यावरण कार्यकर्ताओं और वैज्ञानिकों ने इन परियोजनाओं के जोखिमों पर सवाल उठाए हैं। एमआईटी के सिविल और पर्यावरण इंजीनियरिंग के प्रोफेसर चार्ल्स हार्वे का मानना है कि कार्बन स्टोरेज के बजाय इस धन को नवीकरणीय ऊर्जा (renewable energy) पर खर्च किया जाना चाहिए। अतीत की घटनाओं का हवाला देते हुए विशेषज्ञों ने याद दिलाया कि वर्ष 2024 में इलिनोइस में पेयजल के स्रोत के पास स्थित देश की पहली वाणिज्यिक कार्बन कैप्चर परियोजना में लीक की घटनाएं सामने आई थीं। इसके अलावा 2020 में मिसिसिपी में कार्बन डाइऑक्साइड की एक पाइपलाइन फटने से लोगों को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था और आपातकालीन निकासी करनी पड़ी थी।
कंपनियों का पक्ष
प्रस्तावित परियोजना का नेतृत्व करने वाली कंपनी 'द एंडरसन रिन्यूएबल्स' ने एक बयान में कहा है कि यह एक सुरक्षित और स्थापित तकनीक है, जिसमें भूजल, सार्वजनिक स्वास्थ्य और पर्यावरण की सुरक्षा के लिए कठोर परमिट, इंजीनियरिंग और निगरानी प्रक्रिया शामिल है। कंपनी का कहना है कि वह पारदर्शी तरीके से स्थानीय समुदाय के साथ काम करने के लिए प्रतिबद्ध है।
व्यावहारिक निहितार्थ और आगे की स्थिति
- पुष्टि किए गए तथ्य: अमेरिका भर में दर्जनों कार्बन सीक्वेस्टर्न परियोजनाएं पर्यावरण संरक्षण एजेंसी (EPA) और राज्य नियामकों से अनुमोदन प्राप्त करने की प्रक्रिया में हैं। इन्हें अमेरिकी संघीय कर कानूनों के तहत भारी कर प्रोत्साहन प्राप्त होते हैं।
- अज्ञात और अनिश्चितताएं: लंबी अवधि में भूगर्भीय भंडारण की पूर्ण सुरक्षा और पाताल में रिसाव की संभावनाओं को लेकर अभी भी वैज्ञानिक और स्थानीय स्तर पर बहस जारी है।
- पाठक कैसे जांच कर सकते हैं: पाठक मूल विवरण और वैश्विक संदर्भ के लिए द गार्डियन की मूल रिपोर्ट देख सकते हैं या अमेरिकी पर्यावरण संरक्षण एजेंसी (EPA) की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर कार्बन कैप्चर और स्टोरेज (CCS) नियमों की समीक्षा कर सकते हैं।
AI की सहायता से तैयार रिपोर्ट; मूल स्रोत के दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की गई है।
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